मिसेस इंडिया यूनिवर्स का ताज छत्‍तीसगढ़ की ज्योति प्रकाश ने पहना

रायपुर – छत्‍तीसगढ़ की ज्‍योति प्रकाश ने अपने सौंदर्य व संवाद कला के बल पर मिसेस इंडिया यूनिवर्स का खिताब जीत लिया है। फैशन की दुनिया में परचम लहराकर छत्‍तीसगढ़ का मान बढ़ाया है। नई दिल्ली के ग्रीन पाम रिसाॅर्ट में आयोजित मिसेस इंडिया यूनिवर्स 2020-21 में अपने सौंदर्य का जलवा बिखेरने के साथ ही अपने कुशाग्र बुद्धि व संवाद चातुर्य से सभी निर्णायकों का मन मोह लिया।

अपनी प्रतिभा के बल पर ज्योति प्रकाश ने मिसेस इंडिया यूनिवर्स 2020-21 के पांच स्तरीय आंकलन को पार करते हुए मिसेस इंडिया यूनिवर्स 2020-21 का खिताब अपने नाम किया। विदित हो कि यह प्रतियोगिता वायरस फिल्मस एंड एंटरटेनमेंट और यश गुप्ता के कुशल मागदर्शन में आयोजित किया गया। इस प्रतियोगिता में पूरे देश से 40 से अधिक प्रतिभागियों ने अपनी भागीदारी दी।

इस कड़े प्रतिस्पर्धा में ज्योति ने जहां अपनी सुंदरता की ज्योति से निर्णायकों को अचम्भित किया, वहीं अपने बुद्धि प्रकाश से पूछे गए सवालों के बेहतरीन जवाब देकर निर्णायकों को लाजवाब किया। इस प्रकार ज्योति प्रकाश ने अपने नाम को सार्थक करते हुए मिसेस इंडिया यूनिवर्स 2020-21 के प्रतिष्ठित खिताब को जीतने में कामयाबी हासिल की।

मजबूत इरादों एवं सकारात्मक दृष्टिकोण वाली ज्योति प्रकाश मूलतः मध्यप्रदेश के संस्कार धानी जबलपुर में पली बढ़ी। उन्होंने बचपन से ही पढ़ाई के साथ-साथ कला, संगीत, नृत्य, बैडमिंटन खेल में अपनी विशेष रूचि दिखाई। कालेज में आकर फैशन डिजाइनिंग एवं ब्यूटिशियन कोर्स भी किया। बहुमुखी प्रतिभा के धनी ज्योति ने स्कूल, कालेज में कई सारी सौंदर्य प्रतियोगिताओं की विजेता रहीं।

शादी के उपरांत छत्तीसगढ के स्टील सिटी भिलाई में भी अपनी सौंदर्य की छटा बिखेरते हुए कई सौंदर्य प्रतियोगिताएं जीतने में सफल रहीं। वर्ष 2019 में वे मिसेस भिलाई क्वीन का खिताब जीतने में सफल रहीं। शुरुआती दौर में जीवन के उतार-चढ़ाव में कभी हिम्मत नहीं हारी, अपने उत्साह के साथ घर-परिवार का ध्यान रखते हुए अपनी दो बेटियों शैली व सानवी की बखूबी परवरिश की।

ज्योति कहती हैं कि आज शादी के 17 सालों बाद भी वो अपने सपनों को वापस जी रहीं है। इसका श्रेय वो अपने पति कुमार शिव प्रकाश, अपनी बेटियों, माता-पिता व ससुराल पक्ष को देती हैं। ज्योति का मानना है कि इन सभी के सकारात्मक सहयोग एवं प्रेरणा से ही सफलता का यह सफर संभव हो सका है।

Leave A Reply

Your email address will not be published.